Share this post with:
जगदलपुर। बस्तर संभाग में आषाढ़ की दस्तक के साथ ही मानसून ने अपनी रफ्तार पकड़ ली है। 1 जुलाई से लगातार हो रही रुक-रुककर बारिश ने जहां लोगों को उमसभरी गर्मी से बड़ी राहत दी है, वहीं खेती के लिए नई उम्मीदें जगा दी हैं। लगातार पांच दिनों से जारी मानसूनी फुहार से बस्तर का अधिकतम तापमान करीब 6 डिग्री सेल्सियस गिरकर 25 डिग्री पर आ गया है, जबकि न्यूनतम तापमान 23 डिग्री दर्ज किया गया। जगदलपुर शहर में लगातार 24 घंटे से अनवरत जारी बारिश ने पानी-पानी कर दिया है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग के रायपुर केंद्र ने राज्य के कई जिलों के लिए भारी बारिश, तेज हवाओं और आकाशीय बिजली को लेकर चेतावनी जारी की है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और ओडिशा तट के पास बने कम दबाव के क्षेत्र का असर सीधे छत्तीसगढ़ पर पड़ रहा है, जिससे बारिश की गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं।बारिश के मिले आंकड़ों के अनुसार बस्तर संभाग में सबसे अधिक वर्षा दर्ज की गई। बड़े बचेली में 14 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई, जिससे कई नदी-नाले उफान पर आ गए। इसके अलावा ओरछा में 7 सेंटीमीटर तथा कोंटा, कुटरू, भैरमगढ़ में लगभग 6 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। बीजापुर, गंगालूर सहित कई अन्य क्षेत्रों में भी अच्छी वर्षा हुई।
मौसम विभाग ने खराब मौसम के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। नागरिकों से कहा गया है कि तेज बारिश और आंधी के समय पेड़ों के नीचे खड़े न हों तथा खुले मैदानों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें। बिजली चमकने के दौरान सुरक्षित भवन में शरण लेने की सलाह दी गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि कम दबाव का क्षेत्र धीरे-धीरे उत्तर ओडिशा से उत्तर छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ रहा है। इसके चलते अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की पूरी संभावना है।
Share this post with:
05 Jul 2026 4 Views
04 Jul 2026 35 Views
03 Jul 2026 37 Views
02 Jul 2026 37 Views
01 Jul 2026 61 Views
01 Jul 2026 17 Views