Share this post with:
धमतरी। वन मंत्री श्री केदार कश्यप के निर्देशानुसार धमतरी वनमंडल के बिरगुड़ी परिक्षेत्र अंतर्गत खैरभरी बीट के आरक्षित वन में वन्यजीवों के शिकार के मामले में वन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
धामन सांप और गोह के शिकार का मामला
वनमंडलाधिकारी कांकेर से प्राप्त जानकारी के अनुसार विगत 4 जुलाई को ग्राम भनसुली (तहसील नरहरपुर, जिला कांकेर) के पांच लोगों पर तीन धामन (असोड़िया) सांप और एक गोह का शिकार करने का आरोप है। आरोप है कि शिकार किए गए वन्यजीवों को एक आरोपी के घर ले जाकर उनके टुकड़े किए गए और भोजन के रूप में उपयोग किया गया।
संयुक्त टीम ने की कार्रवाई
मामले की सूचना मिलने पर वनमंडलाधिकारी श्री जाधव श्रीकृष्ण के निर्देश पर धमतरी वनमंडल, कांकेर वनमंडल, उड़नदस्ता तथा एंटी-पोचिंग टीम ने संयुक्त कार्रवाई की। पूछताछ के दौरान आरोपियों द्वारा अपराध स्वीकार किए जाने पर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत दर्ज हुआ मामला
आरोपियों के विरुद्ध वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 की विभिन्न धाराओं के तहत वन अपराध प्रकरण दर्ज किया गया। इसके बाद सभी आरोपियों को न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी, नगरी के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
वन विभाग ने दी सख्त चेतावनी
वन विभाग ने बताया कि मामले की जांच जारी है। वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम के तहत संरक्षित वन्यजीवों के शिकार, अवैध कब्जे या व्यापार पर तीन से सात वर्ष तक के कारावास और जुर्माने का प्रावधान है।
वन्यजीव संरक्षण के लिए सतर्कता जरूरी
वन विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वन्यजीवों के संरक्षण में सहयोग करें तथा शिकार या वन्यजीव अपराध से संबंधित किसी भी सूचना की तत्काल विभाग को जानकारी दें। वन्यजीवों की सुरक्षा जैव विविधता और पर्यावरण संरक्षण के लिए अत्यंत आवश्यक है।
Share this post with:
09 Jul 2026 10 Views
08 Jul 2026 31 Views
08 Jul 2026 70 Views
08 Jul 2026 13 Views